नई दिल्ली।दिवाली और छठ का त्योहार नजदीक आते ही दिल्ली-एनसीआर से बिहार और उत्तर प्रदेश जाने वाले लोगों की मुश्किलें बढ़ गई हैं।त्योहार पर घर जाने की हड़बड़ी का फायदा उठाते हुए प्राइवेट बस ऑपरेटरों ने किराए में भारी बढ़ोतरी की है। स्थिति यह है कि कई रूटों पर टिकट के दाम सामान्य दिनों के मुकाबले दोगुने से तिगुने तक वसूले जा रहे हैं।
ऑनलाइन बस बुकिंग प्लेटफॉर्म्स से सामने आए आंकड़ों के मुताबिक...
ऑनलाइन बस बुकिंग प्लेटफॉर्म्स से सामने आए आंकड़ों के मुताबिक आम तौर पर जो टिकट 840 रुपये से 2,000 रुपये के बीच मिल जाते थे,वे त्योहारी सीजन में 2,500 रुपये से 4,000 रुपये तक बिक रहे हैं। कुछ चुनिंदा प्रीमियम और लग्जरी बसों का किराया तो सीधे 9,999 रुपये तक पहुंच गया है।दिल्ली से पटना रूट पर भी यही हाल देखने को मिल रहा है। त्योहारी तारीखों के लिए किराए में जबरदस्त उछाल आया है। एक तुलना के अनुसार 1 नवंबर को जिस रूट पर टिकट 1,614 रुपये का मिल रहा था,वही टिकट 12 नवंबर के लिए 4,839 रुपये तक में लिस्ट किया गया। यानी किराए में सीधे तौर पर करीब 200 प्रतिशत की बढ़ोतरी दर्ज की गई है।
किराए में बेतहाशा बढ़ोतरी का क्या है कारण
प्राइवेट इंटरसिटी बसों के दाम आमतौर पर यात्रा की तारीख, बस की कैटेगरी और खाली सीटों पर निर्भर करते हैं। त्योहार के दिनों में सस्ती सीटें सबसे पहले बिक जाती हैं। इसके बाद यात्रियों के पास केवल महंगे स्लीपर और प्रीमियम विकल्प ही बचते हैं, जिससे उन्हें ज्यादा पैसे चुकाने पड़ते हैं।इस भारी भीड़ का असर दूसरे साधनों पर भी साफ दिख रहा है। रेलवे ने यात्रियों के दबाव को कम करने के लिए कई स्पेशल ट्रेनें चलाई हैं,जिसमें नई दिल्ली और पटना के बीच एक स्पेशल वंदे भारत ट्रेन भी शामिल है। इसके अलावा, यात्रियों की सुविधा को ध्यान में रखते हुए दिल्ली सरकार और बिहार राज्य सड़क परिवहन निगम भी दिल्ली और बिहार के बीच अतिरिक्त बसें चलाने पर विचार कर रहे हैं।
किराए में यह बढ़ोतरी सिर्फ बिहार तक ही सीमित नहीं
किराए में यह बढ़ोतरी सिर्फ बिहार तक ही सीमित नहीं है, बल्कि उत्तर प्रदेश के रूटों का भी ऐसा ही हाल है। पिछले साल अक्टूबर में नोएडा से लखनऊ जाने वाली एसी प्राइवेट बस का किराया सामान्य दिनों में 600 रुपये से 700 रुपये के बीच रहता था,जो पीक फेस्टिव सीजन में उछलकर करीब 4,999 रुपये तक पहुंच गया था।इसी तरह नोएडा से गोरखपुर और नोएडा-प्रयागराज जैसे रूटों पर भी टिकटों के दाम बढ़कर क्रमशः 7,304 रुपये और 7,350 रुपये तक लिस्ट किए गए थे।