नई दिल्ली।कालकाजी मंदिर के सेवादार की हत्या का मामला तूल पकड़ता जा रहा है।आम आदमी पार्टी ने इस हत्याकांड को लेकर भारतीय जनता पार्टी पर तीखे तीर छोड़े हैं।आप विधायक अनिल झा ने प्रेस कॉन्फ्रेंस कर भाजपा को आड़े हाथों लिया।
आप विधायक अनिल झा ने कहा कि दिल्ली में भाजपा की चार इंजन की सरकार होने के बावजूद कालकाजी मंदिर के एक पुजारी की पीट-पीट कर निर्मम हत्या कर दी गई। यह सिर्फ हत्या नहीं, बल्कि हमारी आस्था पर भी हमला है। यह सब भाजपा सरकार-दिल्ली पुलिस की नाकामी की वजह से हुआ।
अनिल झा ने कहा कि भाजपा कानून व्यवस्था को संभालने में पूरी तरह फेल है,भाजपा दिल्ली में धर्म की रक्षा कर रहे पुजारी की जान नहीं बचा पाई।झा ने कहा कि दिल्ली में कानून व्यवस्था का बुरा हाल है और अपराधियों के हौसले बुलंद है।कानून व्यवस्था अक्षम लोगों के हाथों में होने के कारण ही हत्या,लूटपाट,चोरी,रेप की घटनाएं बढ़ रही हैं।
अनिल झा ने कहा कि दिल्ली की बदहाल कानून व्यवस्था को लेकर आम आदमी पार्टी अत्यंत चिंतित है।केंद्र और दिल्ली में भाजपा की सरकार है।एमसीडी,कैंटोमेंट बोर्ड,एनडीएमसी, डीडीए ओर एलजी सब भाजपा के अधीन है।झा ने कहा कि भाजपा खुद को धर्म का सबसे बड़ा पैरोकार मानती है,मंदिरों के लिए आंदोलन,मंदिरों को बचाने और पुजारियों के रख-रखाव का प्रयास करती रही है। इसके बावजूद आज देश की राजधानी दिल्ली में ऐसी स्थिति बन गई है कि भाजपा सरकार की इंटेलिजेंस फेल नजर आ रही है।
अनिल झा ने कहा कि नई दिल्ली से महज 6-7 किलोमीटर दूर कालकाजी का प्रतिष्ठित मंदिर है।दुर्गापूजा के दौरान कालकाजी मंदिर में हजारों लाखों लोग दर्शन करने के लिए आते हैं।भाजपा दिल्ली में हमेशा कानून व्यवस्था पुख्ता होने का दावा करती रही है। इसके बावजूद कालकाजी मंदिर के पुजारी की निर्मम हत्या कर दी गई।झा ने कहा कि यह घटना सिर्फ चिंता का विषय नहीं है, बल्कि भाजपा सरकार की विफलता है।दिल्ली पुलिस की इंटेलिजेंस,स्थानीय सूचना तंत्र ने घटना का अंदेशा होने के बावजूद सुरक्षा में ढील रखा और कालकाजी मंदिर के पुजारी की हत्या कर दी गई। यह मामला बेहद हैरान करने वाला है।
दिल्ली पुलिस के रवैये पर सवाल खड़े करते हुए अनिल झा ने कहा कि अभिषेक धारिया पूर्वी दिल्ली के डीसीपी हैं। 25 लाख रुपये की फिरौती को लेकर प्रेस कांफ्रेंस करने के दौरान अभिषेक धारिया ने कहा कि लॉरेंस विश्नोई साहब का इसमें नाम आया है। यह दिल्ली पुलिस का मानसिक दिवालियापन है।दिल्ली की कानून व्यवस्था अक्षम लोगों के हाथ में है।
अनिल झा ने कहा कि एक तरफ भाजपा कहती है कि वह धार्मिक आस्था पर पीछे नहीं हट सकती और दूसरी तरफ भाजपा के ही राज में मंदिर का पुजारी,गुरुद्वारे का ग्रंथी और मस्जिद का मौलाना, गिरजाधर का पादरी सुरक्षित नहीं है। तो क्या भाजपा उत्तर प्रदेश से लेकर दिल्ली तक मजबूत कानून व्यवस्था का सिर्फ झूठा ढिंढोरा पीट रही है।
अनिल झा ने कहा कि कालकाजी की घटना हमारी आस्था पर हमला है और दिल्ली पुलिस की नाकामी है।यह घटना बताती है कि दिल्ली में अपराधियों के हौसले बुलंद हैं,कानून का अपराधियों में कोई डर नहीं है और दिल्ली पुलिस अपराधियों में कानून का डर पैदा नहीं कर पा रही है।
अनिल झा ने कहा कि दिल्ली पुलिस निर्दोष लोगों पर फर्जी मुकदमें लगा रही है,ईडी का दुरुपयोग किया जा रहा है, इसकी भाजपा को चिंता नहीं है।झा ने कहा कि पिछले कुछ वर्षों से दिल्ली की बिगड़ती कानून व्यवस्था के चलते लूटपाट,चोरी, महिलाओं के साथ अत्याचार,बलात्कार जैसी घटनाएं लगातार बढ़ रही हैं। दिल्ली की मजबूत कानून व्यवस्था सिर्फ कागजों में सिमट कर रही गई है।
अनिल झा ने कहा कि आज दिल्ली में कानून व्यवस्था की स्थित यह है कि रात 12-1 बजे कोई महिला कार से भी जा रही हो, तो वह खुद को सुरक्षित महसूस नहीं करती है।झा ने कहा कि एक वीडियो वायरल हुई थी,जिसमें दो महिलाएं बात करते हुए सुनी जा रही हैं कि दिल्ली में रात के 12 से 2 बजे के बीच अगर कोई दो बहनें भी बाहर निकलती हैं तो इस कानून व्यवस्था के साथ वह सुरक्षित नहीं हैं।झा ने कहा कि महिलाओं में बैठा ऐसा डर भाजपा सरकार और दिल्ली पुलिस की पुख्ता सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल खड़े करता है। दिल्ली में स्थिति नियंत्रण से बाहर हो रही है और जमीन पर कानून व्यवस्था पूरी तरह खराब हो चुकी है,लेकिन इससे दिल्ली पुलिस अनभिज्ञ है।
अनिल झा ने कहा कि दिल्ली पुलिस को राजनीतिक दबाव में नहीं आना चाहिए।क्योंकि भाजपा के लोग इस केस को घुमाने की कोशिश करेंगे।घटना को व्यक्तिगत रंजिश बताने की कोशिश करेंगे।झा ने कहा कि दिल्ली में भाजपा के पास चार इंजन है, कानून व्यवस्था उसके हाथ में है, फिर भी मंदिर के पुजारी की हत्या कैसे हो गई।इसके बाद भी भाजपा से सवाल कैसे नहीं किया जाएगा।
अनिल झा ने कहा कि पूरी दिल्ली के लोगों को मंदिर के पुजारी को न्याय दिलाने की लड़ाई में खड़ा होना पड़ेगा। आम आदमी पार्टी पूरी मजबूती के साथ खड़ी है।दिल्ली पुलिस की विफलता के चलते यह घटना हुई है।झा ने कहा कि केंद्र सरकार दिल्लीवालों को सुरक्षा देने में नाकाम साबित हो रही है।आज हमारे नागरिक न तो बॉर्डर पर सुरक्षित हैं और ना ही देश की राजधानी दिल्ली में सुरक्षित हैं।